Chamoli Glacier Burst LIVE: टनल में 100 मीटर गहराई तक हटाया गया मलबा, दूसरी सुरंग की तलाश जारी

rescue team is removing debris from the tunnel

चमोली के आपदा प्रभावित इलाकों में सेना, आइटीबीपी, एसएसबी और एसडीआरएफ की टीमें बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। चमोली पुलिस के अनुसार, टनल में फंसे लोगों के लिए राहत एवं बचाव कार्य जारी। जेसीबी की मदद से टनल के अंदर पहुंच कर रास्ता खोलने का प्रयास किया जा रहा है। अब तक कुल 15 व्यक्तियों को रेस्क्यू किया गया है एवं 14 शव अलग-अलग स्थानों से बरामद किये गये हैं। वहीं अभी टनल में 30 लोग फंसे हुए हैं।

-केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा कि यह एक बहुत ही मुश्किल स्थिति है, लेकिन आइटीबीपी ने सफलतापूर्वक एक सुरंग से लोगों को बचाया और अब वे दूसरी सुरंग पर काम कर रहे हैं, जो लगभग 3 किमी लंबी है। एनडीआरएफ और सेना भी इस काम में लगी है। दोपहर तक हम कुछ सकारात्मक परिणामों की उम्मीद कर सकते हैं।

-एसडीआरएफ और उत्तराखंड पुलिस की टीम ने श्रीनगर डैम के आसपास तलाशी अभियान चलाया।

-उत्तराखंड के डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि दहशत फैलाने की जरूरत नहीं। ग्लेशियर कल टूटा था। बोल्डर और मलबे ने तपोवन पर बड़े पैमाने पर रैणी बिजली परियोजना को नुकसान पहुंचाया। यह सब कल हुआ। दो परियोजना से 121 लोग लापता हैं।

-इंजीनियरिंग टास्क फोर्स सहित सेना के जवानों के अथक प्रयासों के बाद सुरंग का मुंह साफ किया गया। जनरेटर और सर्च लाइट लगाकर रातभर काम जारी रहा।  फील्ड अस्पताल घटना स्थल पर चिकित्सा सहायता प्रदान कर रहा है।

-उत्तराखंड के डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि अब तक तपोवन से 3 और कर्णप्रयाग के मार्ग में 7 कुल 10 शव बरामद किए गए हैं। कल तपोवन में छोटी सुरंग से 12 लोगों को बचाया गया, जबकि बड़ी सुरंग को खोलने के प्रयास जारी हैं। इससे मलबा निकाला जा रहा है। 

-आइटीबीपी के प्रवक्ता विवेक पांडे ने बताया कि हमने दूसरी सुरंग में खोज अभियान तेज कर दिया है। हमें जानकारी है कि लगभग 30 लोग वहां फंसे हुए हैं। सुरंग को साफ करने के लिए लगभग 300 आइटीबीपी के जवान तैनात हैं। स्थानीय प्रशासन का कहना है कि लगभग 170 लोग लापता हैं।

-चमोली पुलिस ने बताया कि सुरंग में फंसे लोगों को बचाने का ऑपरेशन चल रहा है। जेसीबी मशीन की मदद से सुरंग को साफ करने के प्रयास जारी हैं। कुल 15 लोगों को बचाया गया है और 14 शव अब तक विभिन्न स्थानों से बरामद किए गए हैं। 

-भारतीय वायु सेना के अनुसार,  देहरादून से जोशीमठ के लिए एमआई -17 और एएलएच हेलीकॉप्टरों ने उड़ान भरी। साथ ही हवाई बचाव और राहत मिशन फिर से शुरू हो गए हैं।

-आइटीबीपी के प्रवक्ता विवेक पांडे ने बताया कि  आइटीबीपी ने कल एक सुरंग से 12 लोगों को बचाया, ये 30 लोग एक अलग सुरंग में फंसे हुए हैं। विभिन्न क्षेत्रों में बचाव अभियान चल रहा है। यदि आवश्यक हुआ तो और टीमें वहां भेजी जाएंगी, हम पहले सुरंग से लोगों को निकालने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

-चमोली में एनटीपीसी की निर्माणाधीन तपोवन विष्णुगाड जल विद्युत परियोजना की टनल में अभी 30 लोग फंसे हैं। 

-टनल से मलबा हटाने का काम रात्रिभर चला। जेसीबी कर रही है काम, रेस्क्यू टीमे मौके पर मौजूद हैं। 

– अब तक 10 लोगों के शव मिल चुके हैं।

हैलीकॉप्टर के माध्यम से पहुंचाई जा रही राशन और मदद

आपदा में सडक पुल बह जाने के कारण नीति वैली के जिन 13 गांवों से संपर्क टूट गया है उन गांवों में जिला प्रशासन चमोली द्वारा हैलीकॉप्टर के माध्यम से राशन, मेडिकल एवं रोजमर्रा की चीजें पहुंचायी जा रही है। डीएम ने कहा कि जब तक यहां पर वैकल्पिक व्यवस्था या पुल तैयार नहीं हो जाता तब तक हैली सेवा से यहां पर रसद पहुंचाया जाएगा।

केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने किया आपदा प्रभावित क्षेत्र तपोवन का निरीक्षण। कहा कि यहां पर फंसे लोगों को रेस्क्‍यू करना हमारी प्राथमिकता है। उन्‍होंने कहा कि जो एरिया, गांव, क्षेत्र कट गए है उस पर भी युद्धस्तर पर काम होगा।